आपराधिक मानव बध के आरोपी को पांच वर्ष का कारावास।
संतकबीर नगर।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि आनन्द राय पुत्र स्व० परमहंस राय निवासी ग्राम-बाहिलपार, थाना-कोतवाली खलीलाबाद, जनपद-संत कबीर नगर ने प्रार्थना पत्र दिया कि मेरे गाँव के निवासी गुड्डू वर्मा पुत्र घिस्सू वर्मा सोने, जेवरात का व्यवसाय करते थे। मेरी मां जुगावती राय से 3 तोला सोना पुराना लेकर नया जेवरात बनाकर देने को कहें थे परन्तु दिये नही। हम लोग बराबर सोने के जेवरात की मांग करते रहे। दिनांक 23.03.2014 को दोपहर 12 बजे की घटना है। मेरे मकान के बगल में स्थित अपनी जमीन पर गुड्डू वर्मा उनकी पत्नी, भाई मनोज वर्मा, राजू वर्मा, साकेत वर्मा आये, यह देख कर मेरे पिता परमहंस राय अपने जेवरात की मांग किये कि गुड्डू वर्मा ने गाली देते हुए कहा जेवरात नहीं देंगे जो करना हो कर लो, हम लोग तैयार होकर आये हैं। मैने प्रतिरोध किया कि उक्त लोग मुझे व मेरे पिता को पकड़ कर जान से मारने की नीयत से लाठी, डण्डा, सरिया व कुल्हाड़ी से मारने लगे। वहां मौजूद त्रियुगी राय पुत्र रामलखन व रामबदल पुत्र झकरी ने ललकारा कि जान से मार डालो, साले को देख लेंगे। मुल्जिमान कुल्हाड़ी व लोहे की राड से मेरे पिता परमहंस राय व मेरे सर पर प्राणघातक हमला किया। मेरे पिता चोट खाकर मौके पर बेहोश होकर गिर पड़ें। मेरी मां जुगावती देवी बचाने आयीं उनको भी मुल्जिमान मारे पीटे। मुल्जिमानों के इस कृत्य को तमाम लोगों ने देखा। मुल्जिमान मेरे पिता को मरा समझकर मां-बहन की गाली व धमकी देते हुये कहें कि साले कोई कार्यवाही करोगे तो जान से मार देंगें और मौके से चले गये। प्रार्थी अपने माता व पिता को लेकर स्थानीय थाने पर आया। पुलिस ने एन०सी०आर० रिपोर्ट दर्ज किया तथा चोटहिल का डाक्टरी मुआयना पुलिस द्वारा सरकारी अस्पताल खलीलाबाद में कराया। मेरे पिता को डाक्टर ने गोरखपुर मेडिकल कालेज तथा वहां से लखनऊ मेडिकल कालेज को रेफर कर दिया। चोट के कारण मेरे पिता की मृत्यु गोरखपुर प्राइवेट हास्पिटल में हो गयी। मुझे व मेरी मां को भी प्राणघातक चोटें आयीं हैं।
मामले में पुलिस द्वारा मुकदमा दर्ज करने के बाद विवेचना उपरांत राजू वर्मा ,मनोज वर्मा व राजेश वर्मा उर्फ गुड्डू के विरुद्ध आरोप पत्र प्रेषित किया गया।दौरान विचरण मनोज वर्मा की मृत्यु हो गई और राजेश वर्मा की पत्रावली पृथक कर दी गई।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि अभियोजन की तरफ से कुल 9 साक्षियों का साक्ष्य कराया गया । सभी साक्षियों ने आयोजन का का समर्थन किया।
आरोपी के विरुद्ध मामला साबित पाए जाने पर सत्र न्यायाधीश रणधीर सिंह ने आरोपी राजू वर्मा को पांच वर्ष साधारण कारावास व 14 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किए।अर्थदंड न अदा करने पर छह माह अतिरिक्त कारावास भुगतने का व अर्थदंड की आधी धनराशि चोटिल आनंद राय और जुगावती देवी को देने का आदेश दिए।
