संभावित बाढ़ के दृष्टिगत सभी तैयारियां समय से पूर्ण करें: प्रभारी मंत्री!
- तहसील प्रशासन को भ्रमणशील रहने के दिये गये निर्देश!
- संवेदनशील स्थलों एवं तटबंधो की करते रहे निगरानी!
ब्यूरो चीफ – दिलशाद अहमद
आज का भारत लाइव
बहराइच !
मा. राज्य मंत्री (स्वतन्त्र प्रभार), उद्यान, कृषि विपणन, कृषि विदेश व्यापार एवं कृषि निर्यात विभाग/प्रभारी मंत्री जनपद बहराइच श्री दिनेश प्रताप सिंह ने संभावित बाढ़ के दृष्टिगत राहत एवं बचाव कार्यों केे लिए की गई तैयारियों की समीक्षा के लिए जनपद की समस्त तहसीलों केे उप जिलाधिकारियों व पुलिस क्षेत्राधिकारियों के साथ वर्चुचली बैठक की। उल्लेखनीय है कि इस अवसर पर एनआईसी के वीडियों कांफ्रेंसिंग कक्ष में सांसद बहराइच डॉ आनन्द कुमार गोंड़, एमएलसी पदमसेन चौधरी, विधायक पयागपुर सुभाष त्रिपाठी, नानपारा के राम निवास वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष बृजेश पाण्डेय व अन्य जनप्रतिनिधि, जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव, अपर जिलाधिकारी अमित कुमार मौजूद रहे।
वर्चुअली बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री श्री सिंह विशेषकर बाढ़ प्रभावित तहसीलों के उप जिलाधिकारियों व पुलिस क्षेत्राधिकारियों से राहत एवं बचाव कार्यों के संचालन हेतु की गई तैयारियों के बारे में जानकारी प्राप्त करते हुए निर्देश दिया कि संभावित बाढ़ के समय फुलप्रूफ व्यवस्था सुनिश्चित की जाये ताकि न्यून से न्यूनतम जानी व माली नुकसान हो। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आमजन को जागरूक किया जाय कि किसी भी आपदा के समय वे शासन द्वारा जारी चेतावनी एवं सुझावों पर अमल करें तथा सुरक्षित स्थानों पर बिना वक्त गवायें पहुच जायें।
प्रभारी मंत्री श्री सिंह ने तहसील प्रशासन को निर्देश दिया कि सभी ग्राम प्रधानों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों तथा प्रभावशाली लोगों के मोबाइल नम्बर अपने पास रखें तथा व्हाट्अप ग्रुप भी बना दें ताकि लोगों तक आसानी के साथ सूचनाएं पहुंच सकें। उन्होंने अधिकरियों को निर्देश दिया कि किसी प्रकार की आपदा होने पर प्रभावित लोगों को शासन द्वारा निर्धारित गाईड लाइन के अनुसार त्वरित राहत पहुंचायी जाय। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुखिया मा. योगी आदित्यनाथ जी के स्पष्ट निर्देश है कि आपदा के समय प्रभावित परिवारों को त्वरित राहत उपलब्ध करायी जाय।

कानून एवं शान्ति व्यवस्था बनाये रखने के लिए पुलिस क्षेत्राधिकारियों को निर्देश दिया गया कि नियमित रूप से क्ष्रेत्र का भ्रमण करें। कानून एवं शान्ति व्यवस्था को प्रभावित करने से सम्बन्धित छोटीे से छोटी शिकायत को नज़र अन्दाज़ करें। विशेषकर भूमि से सम्बन्धित विवादों में विशेष सतर्कता बरती जाय। सम्बन्धित अधिकारी मौके पर शिकायतों का गुणवत्तापरक निस्तारण करें ताकि आमजन को अनावश्यक भागदौड़ न करनी पड़े।
आपदा और राहत से जुड़े विभागों को निर्देश दिया गया बेहतर समन्वय के साथ कार्य करते हुए बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए आवश्यकतानुसार नाव, मोटरबोट, राहत सामग्री, चिकित्सा सुविधाएं, पेयजल, खाद्यान्न तथा अन्य आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता बनाए रखें। उन्होंने कहा कि मनुष्यों के साथ-साथ मवेशियों के लिए भी भूसे, चारे पानी का उचित प्रबन्ध किया जाय। बाढ़ राहत केन्द्रों व बाढ़ चौकियों हाई अलर्ट पर रखा जाय तथा वहां पर प्रकाश, प्रसाधन इत्यादि के भी माकूल बन्दोबस्त किये जायें। प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को सुझाव दिया कि राहत व बचाव कार्यों की जानकारी जनप्रतिनिधियों को भी दी जाय तथा अपेक्षित सहयोग भी प्राप्त किया जाय। प्रभारी मंत्री ने मा. मंत्री ने सभी एसडीएम को निर्देश दिया कि तहसील स्तर पर प्रचलित वादों का निस्तारण गुणवत्तापूर्ण ढंग से करायें।
