ताना बाना ग्रुप ने कबीर के भजन,निर्गुण की शानदार प्रस्तुति दी।
संत कबीर नगर- मगहर।
संत कबीर की महापरिनिर्वाण स्थली कबीर चौरा धाम में ताना बाना ग्रुप ने कबीर के भजन एवं निर्गुण को सूफियाना अंदाज में प्रस्तुत किया।जिसे सुन कर श्रोता मंत्रमुग्ध हो गए।
कार्यक्रम की शरुआत राष्ट्रीय कबीर भजन गायक संत देवेंद्र दास ने कबीर भजन,,लिखा लिखी की नहीं,देखा देखी है बात,,,दूल्हा दुलहिन मिल गये फिर गयी बारात,,।,,,तेरा तुझको सौंपता,,,।धीरे धीरे रे मना धीरे सबकुछ होय,,माली सींचे सौ घड़ा,, ऋतु आए फल होय।इसके बाद,,,बुरा जो देखन मैं चला,बुरा न मिलिया कोय,, जो घर ढूंढो अपना,मुझसे बुरा न कोय।,,,ऐसी बानी बोलिये,,मन का आपा खोय,,औरन को शीतल करे आपहु शीतल होय।,,कबीरा खड़ा बाजार में सबकी खैर,,न काहू से दोस्ती न काहू से बैर,,।एक श्रृंखला सुनाकर माहौल को कबीर मय करदिया।इसके बाद,,बटोहिया का सोए,,मेरे राम,,मेरे राम,,जरा धीरे धीरे,,, जरा हौले हौले,,,मेरे राम,,मेरे राम,,,गाड़ी हांको मेरे राम,,गाड़ी वाले,,।को खूबसूरत अंदाज़ में प्रस्तुत कर लोगों का मन मोह लिया।इसके बाद ,,घूंघट का पट खोल तोहें पिया मिलेंगे आज आदि भजनों एवं मिर्गी को बड़े शानदार ढंग से प्रस्तुत किया।इस मौके पर महंत विचार दास,प्रोफेसर डा विजयनाथ मिश्र,देवेंद्र साहेब,गौरव,गौरी,शैलेश तिवारी,अरविंद पटेल,फिरोज,राकेश ताना बाना ग्रुप काशी के डा हरीश दास,केशव दास,संत अरविंद दास शास्त्री,प्रधान पुजारी रामसरन दास,शांति दास,विनोद दास,रोहित दास और तमाम कबीर भक्त मौजूद रहे।

