बंगला चक के जंगल में सागौन की जड़ खोदने का मामला, ग्रामीणों ने पकड़ी जेसीबी और ट्रैक्टर-ट्रॉली !
वन विभाग के कर्मचारियों पर गिरे पेड़ों की लकड़ी के अवैध कारोबार का आरोप, जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन !
ब्यूरो चीफ – दिलशाद अहमद
आज का भारत लाइव
रिसिया, बहराइच।
रिसिया क्षेत्र के बंगला चक स्थित जंगल में शुक्रवार शाम करीब 7:30 बजे सागौन के पेड़ की जड़ जेसीबी से खोदकर निकालने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों के अनुसार, वन नर्सरी के कर्मचारियों द्वारा पेड़ की जड़ खोदकर निकालने के बाद उसे पास की नदी में फेंकने की तैयारी की जा रही थी। इसी दौरान मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने आपत्ति जताते हुए काम रुकवा दिया। घटनास्थल पर जड़ लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली के साथ जेसीबी भी मौजूद थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जेसीबी तथा ट्रैक्टर-ट्रॉली को हिरासत में ले लिया।

सागौन सहित अन्य प्रजातियों के पेड़ भी मौजूद थे –
ग्रामीणों के मुताबिक, बंगला चक स्थित जंगल में सागौन के साथ अन्य प्रजातियों के पेड़ भी मौजूद हैं। कुछ दिन पहले बारिश के साथ चली तेज हवा के कारण जंगल में कई पेड़ गिर गए थे। ग्रामीणों का आरोप है कि गिरे हुए पेड़ों की लकड़ी के निस्तारण की आड़ में वन विभाग के कुछ कर्मचारियों द्वारा कथित रूप से अवैध कारोबार किया जा रहा है। शुक्रवार शाम सागौन के पेड़ की जड़ खोदकर निकालने का मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों ने इस पर सवाल उठाए और पुलिस तथा वन विभाग को सूचना दी।
हालांकि, वन विभाग के कर्मचारियों पर लगाए गए आरोपों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले की वास्तविक स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

जांच के बाद होगी कार्रवाई: वन रक्षक –
घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे वन रक्षक शिवम पाण्डेय ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की कार्रवाई से बढ़ी हलचल –
ग्रामीणों की शिकायत के बाद पुलिस द्वारा जेसीबी और ट्रैक्टर-ट्रॉली को हिरासत में लिए जाने से मामला चर्चा में आ गया है। अब जांच के दौरान यह स्पष्ट होगा कि सागौन की जड़ किस उद्देश्य से खोदी जा रही थी और इसके पीछे किन लोगों की भूमिका थी। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर वन संपदा को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
