मेंहदावल विधायक अनिल कुमार त्रिपाठी और सीडीओ की मौजूदगी में हुई जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक ।
राष्ट्रीय एकता दिवस पर कलेक्ट्रेट में दिलाई गई एकता की शपथ; स्वास्थ्य योजनाओं और टीकाकरण की प्रगति की हुई बिंदुवार समीक्षा।
संत कबीर नगर:
कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार, 31 अक्टूबर 2026 को मा० विधायक मेहदावल अनिल कुमार त्रिपाठी एवं मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी की गरिमामयी उपस्थिति में जिला स्वास्थ्य समिति (शासी निकाय) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ० रामानुज कनौजिया विशेष रूप से उपस्थित रहे।
सरदार पटेल जयंती पर ली गई राष्ट्रीय एकता की शपथ –
बैठक के आरंभ में राष्ट्रीय एकता दिवस (लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती) के अवसर पर मा० विधायक मेहदावल अनिल कुमार त्रिपाठी द्वारा सरदार पटेल के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया गया। इस दौरान उपस्थित सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को अक्षुण्ण बनाए रखने की शपथ दिलाई गई।

स्वास्थ्य कार्यक्रमों और योजनाओं की हुई सख्त मॉनीटरिंग –
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ० रामानुज कनौजिया ने विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों और संकेतकों की अद्यतन स्थिति व लक्ष्यों के सापेक्ष प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
शासी निकाय की समीक्षा के दौरान प्रमुख दिशा-निर्देश दिए गए – त्वरित भुगतान: जननी सुरक्षा योजना के तहत लाभार्थियों के वर्तमान और कमिटेड भुगतानों को नियमानुसार अतिशीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए।

आयुष्मान कार्ड केवाईसी: आयुष्मान गोल्डन कार्ड योजना के तहत जिन लाभार्थियों ने पोर्टल पर केवाईसी नहीं कराई है, उनका डेटा तत्काल हटाए जाने के निर्देश दिए गए।
सुपरविजन और टीकाकरण: एच.बी.एन.सी. कार्यक्रम के अंतर्गत समस्त बी.सी.पी.एम. को नियमित रूप से सपोर्टिव सुपरविजन करने को कहा गया। इसके साथ ही परिवार कल्याण, संचारी रोग नियंत्रण, क्षय रोग (टीबी) उन्मूलन, रेबीज टीकाकरण, और स्नेक बाइट वैक्सीन की उपलब्धता की भी विस्तृत समीक्षा की गई।

चिकित्सकों और दवाओं की उपलब्धता पर जोर – मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी ने चिकित्सालयों में चिकित्सकों, जीवन रक्षक दवाओं और मरीजों के हित में मिलने वाली स्वास्थ्य सुविधाओं की जमीनी हकीकत पर गहरी नजर रखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ० रामानुज कनौजिया, विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों के प्रतिनिधि, चिकित्सालयों के एम.ओ.आई.सी. (चिकित्सा अधीक्षक) तथा अन्य संबंधित विभागीय अधिकारी एवं चिकित्सक मौजूद रहे।
