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पार्थिव पूजन का आध्यात्मिक महत्व अत्यंत प्रेरणादायी, भगवान शिव की कृपा से दूर होते हैं समस्त कष्ट – पं. रविशंकर महाराज।

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ब्यूरो चीफ – दिलशाद अहमद 

 आज का भारत लाइव 

रिसिया, बहराइच।

पंचवटी श्री सीताराम आश्रम परिवार, ऋषिभूमि, रिसिया के तत्वावधान में रामलीला मैदान में आयोजित सात दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा एवं पार्थिव पूजन महोत्सव के दूसरे दिन श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण के बीच भगवान शिव की महिमा का विस्तृत एवं भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर शिव महापुराण का श्रवण कर धर्मलाभ प्राप्त कर रहे हैं।

कथा व्यास परम पूज्य पं. रविशंकर गुरु भाई महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि सावन मास में पार्थिव पूजन एवं रुद्राभिषेक का विशेष आध्यात्मिक और धार्मिक महत्व है। शिव महापुराण केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति का दिव्य ज्ञान है। इसके श्रद्धापूर्वक श्रवण मात्र से मनुष्य के पापों का क्षय होता है, जीवन में सद्बुद्धि का विकास होता है तथा आदिदेव भगवान शिव की असीम कृपा प्राप्त होती है। उन्होंने कहा कि शिव भक्ति मनुष्य के जीवन में सुख, समृद्धि, शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार करती है।

पं. रविशंकर महाराज ने श्रद्धालुओं को पार्थिव पूजन के महत्व से अवगत कराते हुए बताया कि मिट्टी से निर्मित शिवलिंग का विधि-विधानपूर्वक पूजन करने से भगवान भोलेनाथ शीघ्र प्रसन्न होते हैं। पार्थिव पूजन से समस्त कष्टों का निवारण, मनोकामनाओं की पूर्ति, ग्रह दोषों की शांति तथा घर-परिवार में सुख, शांति और समृद्धि का वास होता है। उन्होंने कहा कि सच्ची श्रद्धा और भक्ति के साथ किया गया शिव पूजन जीवन को सकारात्मक दिशा प्रदान करता है तथा व्यक्ति को धर्म, सत्य और सदाचार के मार्ग पर अग्रसर करता है।

प्रवचन के दौरान उन्होंने ब्रह्मा के अहंकार और भगवान शिव के अनंत ज्योतिर्लिंग का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि ब्रह्मा भगवान शिव के आदि और अंत का पता लगाने में असफल रहे। इसके बावजूद मिथ्या कथन करने के कारण उन्हें दंड स्वरूप अपने एक शीश से वंचित होना पड़ा। इस प्रसंग के माध्यम से उन्होंने संदेश दिया कि अहंकार और असत्य का अंत निश्चित है, जबकि सत्य, विनम्रता और भक्ति ही ईश्वर की कृपा प्राप्त करने का सर्वोत्तम मार्ग हैं।

रामलीला मैदान स्थित कथा स्थल पर पूरे समय भक्ति का अद्भुत वातावरण बना रहा। श्रद्धालु भगवान शिव के जयघोषों के बीच कथा श्रवण, पार्थिव पूजन एवं रुद्राभिषेक में भाव-विभोर होकर शामिल हुए। आयोजन स्थल पर शिव भक्ति की अविरल धारा प्रवाहित होती रही और श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ से विश्व कल्याण, परिवार की सुख-समृद्धि तथा समाज में शांति की प्रार्थना की।

इस अवसर पर मुख्य यजमान दिनेश दोचनिया, इंद्र बहादुर सिंह, राजेश निगम, डॉ. राजू निगम, प्रेम गोयल, श्रवण मित्तल, राजेश गोयल, उमेश गर्ग, कपिल झुनझुनवाला, रजनीश गर्ग सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।

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