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दहेज हत्या मामले में पति, सास और ससुर को सजा।

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संतकबीरनगर – 

जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि वादिनी सरोज पत्नी मुनीरका निवासी ग्राम जोगीडीहा, थाना बखिरा, जिला संत कबीर नगर ने थाना मेहदावल में तहरीर दी थी। वादिनी ने अपनी पुत्री अनुराधा का विवाह 22 अप्रैल 2022 को सूरज पुत्र मुन्नीलाल निवासी ग्राम-उत्तर पट्टी (रूई हट्टा), थाना मेहदावल के साथ सामर्थ्य अनुसार दान-दहेज देकर किया था।विदाई के बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा 2 लाख रुपये अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर अनुराधा को प्रताड़ित किया जाने लगा और जान से मारने की धमकियां दी जाने लगीं।24 मई 2023 अनुराधा ने फोन कर अपनी मां को गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी मिलने की सूचना दी।25 मई 2023 की सुबह करीब 6-7 बजे गांव के लोगों के माध्यम से सूचना मिली कि अनुराधा की हत्या कर दी गई है।सूचना पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की और विवेचना पूरी होने के बाद अभियुक्तगण सूरज, मुन्नीलाल और ऊषा देवी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया।

जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि अभियोजन पक्ष ने अपने दावों को साबित करने के लिए कुल 8 गवाहों की गवाही कराई, जिनमें मृतका की मां सरोज, मृतका के पिता मुनीरका,मृतका की बहन आराधना,पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर देवेंद्र प्रताप,विवेचक व अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे।इसके अलावा, एफआईआर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, पंचायतनामा, घटनास्थल का नक्शा नजरी और फर्द बरामदगी सहित 12 दस्तावेजी साक्ष्य कोर्ट के सामने प्रस्तुत किए गए।

सत्र न्यायाधीश रणधीर सिंह ने उभय पक्षों की बहस और पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का गहन अनुशीलन करने के बाद तीनों अभियुक्तों सूरज पति,मुन्नीलाल ससुर,ऊषा देवी सास को दोषी ठहराते हुए आठ-आठ वर्ष के कारावास एवं पंद्रह हजार रुपएअर्थदंड से दंडित किये। अर्थ दंड न अदा करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश दिए।

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