नाथनगर के भीटी माफी में विकास कार्यों के नाम पर लाखों का फर्जीवाड़ा, प्रधान और सचिव पर गबन का गंभीर आरोप।
ब्यूरो रिपोर्ट- के0 पी0 मौर्य
संत कबीर नगर –
जनपद अंतर्गत नाथनगर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत भीटी माफ़ी में विकास कार्यों के नाम पर बड़े पैमाने पर सरकारी धन के दुरुपयोग और घोटाले का मामला सामने आया है।
शिकायतकर्ता दिनेश पांडे पुत्र रामवृक्ष पांडे व अरविंद पांडे पुत्र जीत नारायण ग्राम पंचायत भीटी माफ़ी द्वारा ग्राम पंचायत के प्रधान श्री प्रकाश यादव और सचिव बिसराम यादव पर विभागीय मिलीभगत से बिना काम कराए फर्जी भुगतान लेने का गंभीर आरोप लगा है।
इस संबंध में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर निष्पक्ष जांच और गबन का मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है।


शिकायतकर्ता द्वारा प्रधान पर निम्न आरोप और अनियमितताएं शिकायत में दर्शाये है जो इस प्रकार से है
ग्राम पंचायत के ग्राम ददरी हरदो में राम निवास के घर से राम जन्म के घर तक बिना नाली निर्माण कराए ही मरम्मत के नाम पर 70,757 रुपये का अवैध तरीके से भुगतान निकाल लिया गया।
ग्राम भीटी खुर्द, भीटी माफ़ी घोलवा और ददरी में हैंडपंप रीबोर के नाम पर 97,200 रुपये का भुगतान दिखाया गया है, जबकि आरोप है कि ये वही हैंडपंप हैं जो पहले से चल रहे थे।
ग्राम भीटी माफ़ी में लवकुश के घर से गड़ही तक बिना किसी निर्माण कार्य के 2,30,300 रुपये का अवैध भुगतान प्राप्त कर लिया गया।
भीटी स्थित प्राथमिक विद्यालय में पुट्टी और टाइल्स आदि के लिए 1,13,900 रुपये का भुगतान कराया गया, जिसमें मात्र छह महीने के भीतर एक ही काम का दो बार भुगतान लिया गया, जबकि प्रधानाचार्य कक्ष आज भी टाइल्स विहीन और अधूरा है। इसी प्रकार घोलवा स्थित प्राथमिक विद्यालय में भी पुट्टी और टाइल्स के नाम पर 47,172 रुपये निकाले गए और अतिरिक्त कक्ष पूरी तरह जर्जर हालत में है।

पंचायत भवन में कुर्सी, मेज और प्रिंटर आदि के नाम पर तीन किस्तों में कुल 2,34,850 रुपये का भुगतान लिया गया, जबकि धरातल पर स्थिति कुछ और ही है।
ददरी हरदो में मुलायम के घर से राम आशीष के घर तक भूमिगत नाली निर्माण के नाम पर 1,23,000 रुपये का अवैध भुगतान प्राप्त किया गया।

ग्रामीणों ने की गबन का मुकदमा दर्ज कर वसूली की मांग-
शिकायतकर्ता दिनेश पाण्डेय (पुत्र राम वृक्ष पाण्डेय) और अरविंद पाण्डेय (पुत्र जीत नारायण पाण्डेय), निवासी ददरी हरदो, ने शपथ-पत्र व जीपीएस फोटो की छायाप्रति के साथ जिलाधिकारी को दिए गए पत्र में ग्राम प्रधान, ग्राम सचिव विश्राम यादव तथा अन्य संलिप्त कर्मचारियों के खिलाफ गबन का मुकदमा दर्ज कर सरकारी धन की रिकवरी (वसूली) करने की गुहार लगाई है।
इस मामले की प्रति मुख्य विकास अधिकारी, जिला विकास अधिकारी और खंड विकास अधिकारी (नाथनगर) को भी आवश्यक कार्रवाई हेतु प्रेषित की गई है।
