छात्रपति शाहूजी महाराज इंटर कॉलेज के पास फायरिंग कांड का खुलासा: खौफनाक साजिश रचने वाला मुख्य आरोपी अवैध तमंचे के साथ गिरफ्तार!
संतकबीरनगर –
जनपद के कोतवाली खलीलाबाद थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े युवकों पर फायरिंग कर सनसनी फैलाने वाले मामले में पुलिस ने एक शातिर बदमाश को दबोच लिया है। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश पर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे शिकंजा अभियान के तहत थाना कोतवाली खलीलाबाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को धर दबोचा है। गिरफ्तार आरोपी के पास से अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस भी बरामद हुआ है।
क्या था पूरा मामला और कैसे रची गई साजिश ?
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्त प्रेम प्रकाश (निवासी- ऊनखास, थाना कोतवाली खलीलाबाद) ने जो खुलासे किए, उसने पुलिस के भी होश उड़ा दिए।
धमकी का बदला –
अभियुक्त ने बताया कि उसके साथी प्रियांशु उर्फ टायसन को थाना दुधारा क्षेत्र के दो व्यक्तियों ने जान से मारने की धमकी दी थी।
खौफनाक प्लानिंग –
इसी रंजिश के चलते प्रेम प्रकाश और उसके दोस्तों (सोनू, डब्लू, प्रियांशु उर्फ टायसन और आदित्य) ने एक कमरे में बैठकर उन दोनों व्यक्तियों को “रास्ते से हटाने” यानी जान से मारने की खौफनाक योजना बनाई।
फायरिंग की वारदात-
योजना के तहत सभी लोग दिनांक 21.09.2026 को छात्रपति शाहूजी महाराज इंटर कॉलेज, काटगंगा के पास पहुंचे। वहाँ जब मोटरसाइकिल सवार दो युवक आए, तो आरोपियों ने उन्हें रोककर पहले मारपीट की और फिर साथी डब्लू ने पिस्टल से दोनों पर जान से मारने की नीयत से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। मौके पर भीड़ इकट्ठा होने के बाद आरोपी हथियार लहराते हुए फरार हो गए थे।
बरामदगी और कानूनी शिकंजा –
पुलिस ने अभियुक्त की निशानदेही और तलाशी के दौरान निम्नलिखित सामग्रियां बरामद की हैं:
- 1 अवैध तमंचा (315 बोर)।
- 1 जिंदा कारतूस (315 बोर) ।
घटनास्थल से पहले ही पुलिस और फील्ड यूनिट ने 32 बोर के 2 खोखे बरामद किए थे। अब इस मामले में अभियुक्त के पास से अवैध हथियार मिलने पर मु0अ0सं0 944/2026, धारा 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत एक नया मुकदमा भी पंजीकृत कर लिया गया है, जबकि पुराना मामला मु0अ0सं0 888/2026 (बीएनएस की विभिन्न गंभीर धाराओं में) पहले से दर्ज है। पुलिस ने आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया है और बाकी फरार साथियों की तलाश तेज कर दी है।
सराहनीय पुलिस टीम –
इस सनसनीखेज खुलासे और गिरफ्तारी में अहम भूमिका निभाने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक श्री प्रभांशु कुमार राय, हेड कांस्टेबल मो. युसूफ, कांस्टेबल चन्द्रशेखर यादव, कांस्टेबल सचिन, कांस्टेबल अपूर्व त्रिपाठी और कांस्टेबल वृजेश वर्मा शामिल रहे।
