बहराइच- शिक्षक मात्र वेतन भोगी नही, बल्कि समाज का मार्ग दर्शक है- आनंद गौड़ (सांसद)।
शिक्षक मात्र वेतन भोगी नही,बल्कि समाज का मार्ग दर्शक है- आनंद गौड़ (सांसद)।
रिपोर्ट – दिलशाद अहमद
आज का भारत लाइव।
रिसिया – बहराइच।
शिक्षक मात्र वेतन भोगी नही बल्कि समाज का मार्ग दर्शक भी है।वह न केवल बच्चों तथा सम्पूर्ण समाज को नई दिशा प्रदान करता है। बच्चों मे छिपी प्रतिभा को पहचानना और उन्हे निखारना शिक्षकों का नैतिक दायित्व है। हम अपने दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करके अपने समाजिक दायित्वों को निभा सकते है। फिर भी कुछ कमी रह गयी,जो गांव क्षेत्र मे निजी स्कूल पनप रहे है।उसके लिए शिक्षक, प्रधान और ग्रामीण मिलकर जागुरुकता फैलाये, यह सम्बोधन बतौर मुख्य अतिथि के तौर पर सांसद डा आनंद गौड़ ने ब्लाक स्तरीय एक दिवसीय संगोष्ठी एवंम उन्मुखीकरण कार्यशाला मे दिया है ।
रिसिया ब्लाक संसाधन केंद्र पर परिषदीय विधालयों के प्रधानाध्यापको, ग्राम प्रधानों की ब्लाक स्तरीय संगोष्ठी एवं उन्मुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया। खंड शिक्षा अधिकारी पुष्पेंद्र जैन के निर्देशन मे आयोजित संगोष्ठी के मुख्य अतिथि सांसद डा आनंद गौड़ रहे ,विशिष्ट अतिथि कुंवर करण वीर सिंह अध्यक्ष जिला पंचायत प्रतिनिधि, रण विजय सिंह उपाध्यक्ष भाजपा, संजय जायसवाल प्रमुख प्रतिनिधि ब्लॉक रिसिया रहे।

कार्यक्रम का शुभारम्भ मा शारदे की प्रतिमा समक्ष दीप प्रजवलित कर किया गया। परिषदीय विधालयों की बालिकाओं ने सरस्वती वंदना, स्वागत गीत,लघु नाटिका एवं समूह नृत्य पेश कर मन मोहा। खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि कार्यशाला का उद्देश्य बच्चों को गुणवत्ता पूर्वक शिक्षा सुलभ कराना है। मंच का संचालन वीरेंद्र पाल सिंह व सुनील कुमार के द्वारा किया गया। कार्य शाला के बिसिष्ट अतिथि कुंवर करण वीर ने कहा कि शिक्षा वह प्रकाश पुंज है जिसके प्रज्जलवित होते ही जीवन के समस्त विकार मिट जाते है , प्रमुख प्रतिनिधि संजय जायसवाल ने कार्यशाला को शिक्षक और जनप्रतिनिधियों के बीच संवाद और समन्वय का माध्यम बताया,इनके आलावा राष्ट्रीय शैक्षिक संघ के पदाधिकारी धर्मेंद्र सिंह, प्राथमिक शिक्षक संघ अध्यक्ष स ईद अंसारी ने भी संबोधित किया।

इस अवसर पर ,सरोज सिंह,रमा शंकर सिंह, संजय सिंह, श्रीश श्रीवास्तव,संदीप कुशवाहा,जय प्रकाश सिंह,रामू लाल,अमरीक सिंह,राघवेंद्र सिंह आदि उपस्थित रहे।
